देहरादून/ जनपद के नगरीय क्षेत्रों में बढ़ती आपराधिक घटनाओं एवं नशे से संबंधित गतिविधियों का संज्ञान लेते हुए डीएम सविन बंसल ने सख्त रुख अपनाया है। डीएम ने सीडीओ, एसडीएम, डीटीडीओ, डीईओ के साथ महत्वपूर्ण बैठक ली और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। डीएम ने मुख्य विकास अधिकारी को निर्देश दिए कि वे टीम गठित कर जनपद में संचालित होमस्टे, होटल, वेडिंग प्वाइंट्स एवं अन्य आवासीय,
व्यावसायिक इकाइयों का व्यापक सत्यापन अभियान चलाएं। डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि गैरकानूनी गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले होमस्टे, होटल एवं अन्य प्रतिष्ठानों के विरुद्ध कड़ी विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि राज्य सरकार द्वारा निर्धारित होमस्टे गाइडलाइन के अनुरूप चेकलिस्ट बनाकर सघन निरीक्षण किया जाए तथा सभी मानकों का शत्-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए। जनपद में वर्तमान में कुल 1057 होमस्टे पंजीकृत हैं, जिनमें से लगभग 350 नगरीय क्षेत्रों में संचालित हो रहे हैं। डीएम ने इन सभी इकाइयों की प्राथमिकता के आधार पर जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए है। डीएम ने कहा कि होमस्टे, होटल एवं वेडिंग प्वाइंट्स में ओकेजनल बार लाइसेंस जारी करने से पूर्व सभी मानकों एवं शर्तों की गहन जांच की जाए। बिना लाइसेंस या निर्धारित समयावधि के उपरांत मदिरा परोसने की शिकायत मिलने पर संबंधित संपत्ति स्वामी, लीजधारक अथवा किरायेदार के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने आबकारी विभाग को निर्देश दिए कि बिना अनुमति मदिरा परोसने अथवा नियमों के उल्लंघन की स्थिति में संबंधित के विरुद्ध प्रकरण दर्ज करते हुए न्यूनतम रू0 1 लाख का जुर्माना लगाया जाए तथा आवश्यकतानुसार विधिक कार्यवाही भी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जनपद में कानून व्यवस्था बनाए रखना सर्वाेच्च प्राथमिकता है तथा किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ सतत निगरानी एवं प्रभावी प्रवर्तन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, उप जिलाधिकारी सदर हरिगिरि, जिला पर्यटन विकास अधिकारी, जिला आबकारी अधिकारी सहित सम्बन्धित अधिकारी उपस्थित रहे।