एनीमिया के उन्मूलन को लेकर सोमवार को डीएम प्रशांत आर्य ने कलेक्ट्रेट में समीक्षा बैठक की। बैठक में जिले में एनीमिया की मौजूदा स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट ली और इसके निवारण हेतु चलाए जा रहे कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं, बच्चों , किशोरियों और धात्री माताओं में एनीमिया को दूर करने के लिये सार्थक प्रयास किए जाने के निर्देश दिये। डीएम ने एनीमिया से निपटने के लिए एक बहु-आयामी रणनीति बनाने को कहा जिसमें ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में एनीमिया के लक्षणों, कारणों और इसे दूर करने व रोकथाम के उपायों के बारे में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिये ।
बैठक में मुख्यत जनपद के सभी मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों व सरकारी स्कूलों के किशोर व किशोरियों में आयरन और फोलिक एसिड अनुपूरण कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से लागू करने तथा लक्षित समूह को नियमित रूप से आवश्यक पूरक खुराक उपलब्ध कराने के डीएम ने निर्देश दिये।
डीएम प्रशांत आर्य ने कार्यक्रमों की प्रगति की नियमित निगरानी और समय पर रिपोर्टिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिये और स्कूलों में आयरन टैबलेट्स की आयुवार उपलब्धता सुनिश्चित करने और वितरण से पूर्व किसी भी प्रकार के जोखिम से बचने के लिये प्रत्येक विद्यालय से दो–दो अध्यापकों को भली भांति प्रशिक्षण दिये जाने के निर्देश दिये तथा कहा कि किसी भी गंभीर बीमारी से ग्रस्त बच्चे को दवा देने से पूर्व स्वास्थ्य परीक्षण कर लिया जाय।
बैठक सीडीओ एस.एल सेमवाल, एडीएम मुक्ता मिश्र, सीएमओ डॉ.बी.एस रावत,मुख्य शिक्षा अधिकारी अमित कोटियाल,एसीएमओ बी.एस. पांगती समेत अन्य अधिकारी वीसी के माध्यम से जुड़े।