देहरादून/ एलआईयू देहरादून से प्राप्त गोपनीय एवं विश्वसनीय सूचना पर एक बांग्लादेशी नागरिक के अवैध रूप से भारत में निवास करने की सूचना प्राप्त हुई, जिस पर एसएसपी देहरादून द्वारा संयुक्त पुलिस टीमे गठित कर अवैध रूप से निवास कर रहे बांग्लादेशी नागरिक की तलाश हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिये गये। गठित टीमो द्वारा सघन चेकिंग के दौरान नटराज चौक क्षेत्र में डग रोड स्थित गेट नंबर-03 के पास संदिग्ध महिला को चिन्हित कर नियमानुसार पुलिस अभिरक्षा में लिया गया।
पूछताछ में महिला द्वारा अपना नाम रीना उर्फ रीता, निवासी जिला सरियातपुर, ढाका (बांग्लादेश) बताया गया। विस्तृत पूछताछ में महिला द्वारा बताया गया कि वह लगभग एक माह पूर्व एक व्यक्ति रिपोन के माध्यम से अवैध रूप से भारत में प्रवेश कर यहां रह रही थी। उक्त व्यक्ति ने उसे सोशल मीडिया के माध्यम से संपर्क कर भारत में रोजगार दिलाने का प्रलोभन दिया था, तथा 13 अप्रैल को दिल्ली से ऋषिकेश का बस टिकट दिया गया था। बंग्लादेशी महिला से पूछताछ में यह तथ्य भी प्रकाश में आया कि अभियुक्ता द्वारा पश्चिम बंगाल में फर्जी कागजात तैयार कर आधार कार्ड बनवाया गया है, जिसका उपयोग उसके द्वारा भारत में अपनी पहचान छुपाने हेतु किया जा रहा था।
अभियुक्ता द्वारा भारत में अवैध प्रवेश, फर्जी दस्तावेजों का उपयोग एवं संदिग्ध गतिविधियों में संलिप्तता होने पर अभियुक्ता को गिरफ्तार करते हुए उसके विरुद्ध कोतवाली ऋषिकेश पर मु0अ0स0-143/26 धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) बीएनएस, पासपोर्ट अधिनियम 1967 की धारा 3 तथा विदेशी/आव्रजन अधिनियम 2025 की धारा 14 के अंतर्गत कोतवाली ऋषिकेश में अभियोग पंजीकृत कर अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है।
उक्त महिला को गिरफ्तार करने वाली संयुक्त पुलिस टीम में स्थानीय अभिसूचना इकाई देहरादून व कोतवाली ऋषिकेश शामिल रहे।