उत्तरकाशी से धराली की दूरी तकरीबन 80 किलोमीटर है। इस मार्ग में भटवाड़ी जो कि 30 किलोमीटर की दूरी पर है वहां से आगे करीब 50 किलोमीटर के दायरे में गंगोत्री हाईवे कई जगह बाधित हो गया है। गंगनानी,सोनगाड़ में सड़क ही वाश आउट हो चुकी है। संपर्क कट जाने से सड़क मार्ग से आपदा स्थल व आपदा प्रभावितों तक पहुंचना नामुमकिन हो गया है। संपर्क कट जाने से धराली की ओर निकले अधिकारी, रेस्क्यू टीम,मेडिकल टीमें भी जगह -जगह फंस गई है। जिले के डीएम व एसपी तक को नटिण से धराली तक पहुंचने के लिये हेलीकॉप्टर की मदद लेनी पड़ी है। बताया जा रहा है कि राहत व बचाव कार्य की सामग्री का भी सड़क बाधित होने से धराली तक पहुंचना मुश्किल हो गया है। धराली में सेना की ओर से रेस्क्यू कर प्रभावितों को विभिन्न कैम्पों में सुरक्षित पहुंचाया जा रहा है।
शासन द्वारा भेजे गए आला अधिकारी भी उत्तरकाशी में धराली मार्ग बंद होने से कैम्प किये हुए थे अब पता लगा कि ये अधिकारी भी उत्तरकाशी से सड़क मार्ग धराली की ओर निकले हैं जबकि मार्ग पापड़ गाड़ से आगे बंद है। हो सकता है कि नटिण से ये अफसर भी हेली के जरिये धराली लैंड करें।
उधर बीते रोज आपदा आने के बाद से धराली,हर्षिल क्षेत्र में कनेक्टिविटी,बिजली ठप पड़ गई है। जिससे हालात और खराब हो गए हैं।